Thursday, April 15, 2021
Home > ब्यापार > विंडलस बायोटेक और मेटियॉन थेरेप्युटिक्स ने रेस्पीरेटरी वैलनैस के लिए लॉन्च की एआई 360 प्लेटफॉर्म

विंडलस बायोटेक और मेटियॉन थेरेप्युटिक्स ने रेस्पीरेटरी वैलनैस के लिए लॉन्च की एआई 360 प्लेटफॉर्म

संवाददाता (दिल्ली) दवाओं के विकास और निर्माण में सक्रिय एक अग्रणी भारतीय फार्मास्युटिकल कॉन्ट्रैक्ट ड्रग संगठन, विंडलस बायोटेक प्राइवेट लिमिटेड (विंडलस) ने यूएस आधारित ओंकोलोजी कंपनी मेटियॉन थरेप्युटिक्स इंक (मेटियॉन) (जो कैंसर एवं अन्य संक्रामक रोगों के लिए थेरेपी के रूप में TGF-β इन्हीबिटर्स पर ध्यान केन्द्रित करती है) के साथ साझेदारी में आज सम्पूर्ण रेस्पीरेटरी वैलनैस समाधान के रूप में आधुनिक ड्रग डिवाइस थेरेपी पल्मोहील प्लस आर्टी हैल्थ का लॉन्च किया है।
मेटियॉन थेरेप्युटिक्स द्वारा विकसित अपनी तरह का पहला एआई-ऐप आधारित प्लेटफॉर्म एआरटीआई हेल्थ™ मरीज़ों को अपने रेस्पीरेटरी फंक्शन पर निगरानी रखने में मदद करेगा, इसकी मदद से वे रोज़ाना में अपनी खांसी और स्पीच रिकॉर्डिंग को अपलोड कर सकेंगे तथा अपने फेफड़ों के स्वास्थ्य के बारे में फीडबैक पा सकेंगे। यह प्लेटफॉर्म एक सेल्फ-असेसमेन्ट और मॉनिटरिंग टूल है जो 90 फीसदी से अधिक सटीक फीडबैक देता है और इसका उपयोग मरीज़ अपनी देखभाल एवं रिमोट स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाने के लिए कर सकते हैं। आईबीएम वॉटसन हेल्थ रीसर्च और मेटियॉन के साथ दीर्घकालिक संयुक्त विकास समझौते के तहत यह पहल की गई है।
पल्मोहील™अपनी तरह का पहला एफएसएसएआई-अनुमोदित हेल्थ सप्लीमेन्ट है, जिसे स्वदेशी पौधे आर्टेमिसिया से बनाया गया है। पल्मोहील™के सक्रिय अवयव आर्टेमिसिनिन को सूजन, वायरल इन्फेक्शन और फेफड़ों की बीमारियों में कारगर पाया गया है।
यह प्लेटफॉर्म पोस्ट मार्केटिंग सर्वे के ज़रिए बड़े पैमाने पर क्लिनिकल डेटा इकट्ठा करता है, जिसके माध्यम से हम उपभोक्ताओं और मरीज़ों को सशक्त बना रहे हैं, जो कोविड-19, सीओपीडी और अस्थमा सहित भावी संभावनाओं के लिए पल्मोहील के विकास में मददगार है।
विंडलस और मेटियॉन द्वारा किए गए क्लिनिकल अध्ययन-एआरटीआई-19 के अंतरिम परिणाम बताते हैं कि पल्मोहील रेस्पीरेटरी डिस्ट्रैस को कम करने और कोविड-19 के खिलाफ़ प्रभावी प्रदर्शन में कारगर है। ये क्लिनिकल आंकड़े बताते हैं कि पल्मोहील™ की प्रभाविता बेहद महत्वपूर्ण है और कोविड-19 के मरीज़ों के ठीक होने की दर को दोगुना से भी अधिक करती है। ये परिणाम एक प्रतिष्ठित पत्रिका फ्रंटियर्स इन फार्मेकोलोजी और क्लिनिकल इन्वेस्टीगेशन्स में प्रकाशित किए गए हैं।
एआरटीआई-19 अध्ययन को पूरा करने वाली कंपिनियों ‘ए प्रोस्पेक्टिव, रेंडमाइज़्ड, मल्टी-सेंटर, ओपन-लेबल ने कोविड-19 से पीड़ित व्यस्क मरीज़ों के उपयार में आर्टेमिसिनिन की प्रभाविता और सुरक्षा का मूल्यांकन किया है। ये ट्रायल आन्ध्र प्रदेश और महाराष्ट्र के तीन अस्पतालों में 120 मरीज़ों पर किए गए।
श्री हितेश विंडलस, एमडी, विंडलस बायोटेक ने कहा, ‘‘रेस्पीरेटरी हेल्थ पर कोविड-19 के दौरान सबसे ज़्यादा असर हुआ है। आयुर्वेद आधुनिक दुनिया में भी उपचार का कारगर स्रोत है। विंडलस क्लिनिकल परीक्षणों के द्वारा पारम्परिक आयुर्वेदिक दवाओं का मूल्यांकन कर रहा है। वैज्ञानिक रूप से डिज़ाइन किए गए इन क्लिनिकल ट्रायल्स के साथ पल्मोहील रेस्पीरेटरी वायरस के बडे स्पैक्ट्रम से लड़ने में सक्षम है। हमारा नया ड्रग-डिवाइस प्लेटफॉर्म एक गेम चेंजर है और स्वास्थ्य प्रणाली पर बोझ करने में बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा।’
डॉ वुओग ट्रियु, सीईओ और चेयरमैन, मेटियॉन ने कहा, ‘‘हम पिछले 18 सालों से TGF-β इन्हीबिशन पर काम कर रहे हैं। यह कोविड-19 के लक्षणों को नियन्त्रित करने में कारगर पाया गया है और दुनिया भर के शोधकर्ताओं ने इसकी पुष्टि की है। आर्टेमिसिनिन बेहद प्रभावी TGF-β इन्हीबिटर है और सांस की कई बीमारियों में फायदेमंद है।’
सरन सौंद, सीबीओ, मेटियॉन ने कहा, ‘‘हमें स्वास्थ्य प्रणाली में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए डिजिटल हेल्थ की क्षमता का उपयोग करना होग। हमें उम्मीद है कि ये समाधान मौजूदा महामारी में भी कारगर होगे और व्यापक हेल्थकेयर डेटा उपलब्ध कराएंगे। जिनका मूल्यांकन कर स्वास्थ्य प्रणाली में सुधार लाया जा सकता है।’
इस शोध को एक गैर-लाभ संगठन चौपड़ा फाउन्डेशन का समर्थन प्राप्त है जो स्वास्थ्य में सुधार की दिशा में समर्पित है। पल्मोहील के आयुर्वेदिक वेरिएन्ट के क्लिनिकल परीक्षणों के परिणाम मूल्यांकन हेतु आयूष अधिकारियों के समक्ष भी प्रस्तुत किए गए हैं।
डॉ सुहास क्षीरसागर, बीएएमएस, एमडी, (आयुर्वेद, भारत) डायरेक्टर, आयुर्वेदिक हीलिंग इंक एवं अडवाइज़र, चौपड़ा फाउन्डेशन ने कहा, ‘‘यह प्रभावी अध्ययन विश्वस्तरीय अनुसंधान एवं सर्वश्रेष्ठ प्रथाओं के साथ लागत प्रभावी उपचार की सुरक्षा और प्रभाविता को सुनिश्चित करता है। यह एक कारगर जड़ी-बूटी पर रोशनी डालता है जिसका उपयोग आयुर्वेद में वायरस से लड़ने और प्रतिरक्षी क्षमता बढ़ाने के लिए किया जाता है। यह महामारी के इस दौर में बेहद कारगर पाया गया है। हम चौपड़ा फाउन्डेशन के सहयोग से इस उत्पाद के लॉन्च और आगे विकास को समर्थन देने के लिए तत्पर हैं।’
पल्मोहील™वर्तमान में ऑनलाइन चैनलों एमज़ॉन, फ्लिपकार्ट और 1एमजी डॉट कॉम पर उपलब्ध है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *